नियमों की अनदेखी: अनलाॅक हाेते ही लाेग बेपरवाह, 3 दिन में बिना मास्क पहने 749 के कटे चालान

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शिमलाएक घंटा पहले

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  • हिमाचल में घटा कोरोना पॉजिटिव का आंकड़ा, चार दिन से मामले हजार से नीचे
  • 7 से 31 मई तक 11774 ने ताेड़े मास्क न पहनने के नियम, शादियों में तय संख्या से ज्यादा पहुंचे

प्रदेश में अनलाॅक हुए तीन ही दिन हुए हैं, लाेग काेराेना काे लेकर बेपरवाह हाेने लगे हैं। काेराेना के प्रति लाेगाें की लापरवाही का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि तीन दिन के भीतर 749 लाेग बिना मास्क के पकड़े गए हैं। पुलिस ने इनसे 35 लाख 40 हजार रुपए का जुर्माना वसूला गया। 31 मई काे जब प्रदेश अनलाॅक हुआ था।

तब लाेग यह मान बैठे थे कि अब मास्क पहनना जरूरी नहीं है। दूसरे दिन पहली जून काे 264 लाेगाें ने मास्क न पहन कर इस संक्रमण काे बढ़ावा देने की भूल की। दाे जून काे 266 लाेग बिना मास्क पहने हुए पकड़े गए जिनसे 15 लाख 2 हजार 500 रुपए का जुर्माना वसूला गया। जबकि 7 से 31 मई तक 11774 लाेगों ने मास्क न पहनने के नियम तोड़े।

काेराेना कर्फ्यू के दाैरान शादियाें में भी लोगों काफी संख्या में पहुंचे। ऐसे 44 आयाेजनकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई करते हुए चालान काटे गए। इनसे 1 लाख 87 हजार रुपए का जुर्माना वसूला गया। इस संदर्भ में 9 मामले भी दर्ज किए गए हैं।

साेशल डिस्टेंसिंग भी भूले लोग

प्रदेश के कई क्षेत्राें में लाेग बाजाराें में साेशल डिस्टेंसिंग काे पूरी तरह से भूल चुके हैं। इस बीच बाजार में कर्फ्यू का उल्लंघन करने पर कुल 1093 लाेगाें के चालान काटे गए और 12 लाख 54 हजार रुपए का जुर्माना वसूला गया।

आईजीएमसी में ब्लैक फंगस के दाे नए मरीज एडमिट

आईजीएमसी में ब्लैक फंगस के बुधवार काे दो नए मरीज आए हैं। दोनों मरीजों को आंखों के पास सूजन थी। उन्हें आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया। प्रशासन ने दाेनाें मरीजाें काे आईजीएमसी में ब्लैक फंगस वार्ड में दाखिल कर दिया है। इसमें एक शिमला और दूसरा हमीरपुर का है।

एक मरीज की सर्जरी की जा चुकी है। जबकि दूसरे की सर्जरी वीरवार काे की जाएगी। ब्लैक फंगस वार्ड में अभी तीन और मरीजों उपचाराधीन हैं। जिन पर चिकित्सक निगरानी रखे हैं। आईजीएमसी में ब्लैक फंगस से पीड़ित अब तक सात मरीज आ चुके है। इनमें से हमीरपुर और सोलन के मरीज के मौत हो गई थी। अस्पताल में अब तक हमीरपुर से चार सोलन से दो और शिमला से एक ब्लैक फंगस का मामला सामने आया है।

परिजनों ने नहीं दिया ध्यान, कोराेना मृतकों के शव बदले

नादौन में बुधवार को कोरोना से चार लोगों की मौत हो गई। इनमें से दो शव आपस में बदल गए जिससे अंतिम संस्कार में विलंब हुआ। मण पंचायत के गांव तरेटी के 67 वर्षीय वार्ड पंच ब्रह्म चंद की कोरोना से मौत हो गई, वे कोविड केयर सेंटर हमीरपुर में भर्ती थे। शव को कोल्ड केयर सेंटर हमीरपुर से लाया गया लेकिन जब एंबुलेंस से उतारने लगे तो पता चला कि शव तो किसी और का था।

शव वापस भेज कर प्रेमचंद की डेड बॉडी को लाया गया। मण पंचायत के प्रधान राकेश कुमार काका ने बताया कि मृतक का कोविड-19 के अनुसार अंतिम संस्कार कर दिया गया है। उन्होंने माना कि मृतक के परिजनों ने शव लाते समय ध्यान नहीं दिया जिस वजह से गौनाकरौर के व्यक्ति की डेड बॉडी ही गलती से आ गई।

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