महाराष्ट्र में ऐसे टला ‘ताऊ ते’ का खतरा: 3 दिन पहले शुरू हो गई थी तैयारी, हर 2 घंटे पर मंत्री नितिन राउत कर रहे थे रिव्यू; मुंबई में अफसर लगातार एक्टिव थे

[ad_1]

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

मुंबई2 दिन पहलेलेखक: विनोद यादव

  • कॉपी लिंक
मुंबई में एक वॉर रूम बनाया गया है, जहां से तूफान की हलचल पर नजर रखी जा रही है। - Dainik Bhaskar

मुंबई में एक वॉर रूम बनाया गया है, जहां से तूफान की हलचल पर नजर रखी जा रही है।

‘ताऊ ते’ चक्रवाती तूफान महाराष्ट्र के पश्चिमी समुद्र तट को छूते हुए गुजरात की ओर बढ़ गया है। महाराष्ट्र सरकार में मंत्री नितिन राउत ने बताया कि हमने इस चक्रवाती तूफान से निपटने की तैयारी तीन दिन पहले से ही शुरू कर दी थी। सरकार ने समय रहते रत्नागिरी, सिंधुदुर्ग और रायगढ़ जिले के करीब 12, 420 लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया।

राउत ने बताया, ‘सोमवार की सुबह 5 बजे तक मैं खुद चक्रवाती तूफान से निपटने की तैयारी में लगाए गए सभी वरिष्ठ अधिकारियों के संपर्क में था और हर दो घंटे पर तूफान की स्थिति और तैयारियों का जायजा ले रहा था। समुद्र तटीय जिलों को इससे कम से कम नुकसान हो, इसके लिए रविवार की सुबह 5 बजे से ही कंट्रोल रूप में काम शुरू कर दिया गया था। यहां से जरूरी सूचना के साथ ही लोगों को समुद्र तट पर न जाने की चेतावनी सहित कई महत्वपूर्ण चीजों पर नजर रखी जा रही थी। इसके लिए कई वरिष्ठ अधिकारियों को कंट्रोल रूम में ही तैनात किया गया था।’

12 से 16 घंटे का ऑक्सीजन बैक-अप बनाया गया
महाराष्ट्र के मुंबई, पालघर, ठाणे, रायगढ़, रत्नागिरी और सिंधुदुर्ग जिले में ‘ताऊ ते’ चक्रवाती तूफान का सबसे अधिक असर रहने का अनुमान था। इसकी वजह से मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने चक्रवाती तूफान से प्रभावित होने वाले जिलों में कोरोना मरीजों को ऑक्सीजन की किल्लत महसूस न हो, इसके लिए 12 से 16 घंटे का ऑक्सीजन बैक-अप तैयार रखने की व्यवस्था की थी।

ऑक्सीजन प्लांट्स को सुरक्षित रखने पर जोर रहा
मुख्यमंत्री ठाकरे ने समुद्र तट के पास संयुक्त रूप से 900 मीट्रिक टन ऑक्सीजन उत्पादन करने वाले डोलवी जेएसडब्ल्यू ( 230 मीट्रिक टन), डोलवी आयनॉक्स (120 मीट्रिक टन), लिंडे तलोजा ( 245 मीट्रिक टन), आयनॉक्स रायगड (120 मीट्रिक टन) और लिंडे प्राक्स एअर मुरबाड (120 मीट्रिक टन) ऑक्सीजन प्लांट सुरक्षित रखने के लिए सचिव सीताराम कुंटे को जिम्मेदारी दी थी। इसके लिए सिंधुदुर्ग, रत्नागिरी, रायगढ़, पालघर के जिलाधिकारी और मुंबई महानगर पालिका के आयुक्त को विशेष निर्देश जारी किए गए थे।

मुंबई की मेयर किशोरी पेडणेकर ने सड़क पर उतर राहत कार्य का जायजा लिया।

मुंबई की मेयर किशोरी पेडणेकर ने सड़क पर उतर राहत कार्य का जायजा लिया।

बरसात में सड़कों पर उतरीं मुंबई की मेयर
मुंबई को कम से कम नुकसान हो और निचले इलाकों में पानी भरने की समस्या न हो, इसके लिए सोमवार की सुबह महापौर किशोरी पेडणेकर ने मोर्चा संभाला। उन्होंने मुंबई मनपा मुख्यालय स्थित डिजास्टर मैनेजमेंट के कंट्रोल रूम जाकर मुंबई की स्थिति का पहले आंकलन किया। इसके बाद भारी बारिश के बावजूद गिरगांव चौपाटी सहित अन्य इलाकों में जाकर वहां मनपा कर्मचारियों द्वारा किए जा रहे कार्यों का निरीक्षण किया।

सभी वार्ड अधिकारियों को अपने इलाकों मे रहने के निर्देश
मुंबई पुलिस आयुक्त हेमंत नागराले के नेतृत्व में मुंबई के सभी पुलिस स्टेशन के अधिकारी व कर्मचारी पूरी तरह से अपने-अपने क्षेत्र में सक्रिय रहे। दहिसर के हनुमान टेकरी नामक इलाके में चक्रवाती तूफान की वजह से कुछ निवासी घरों की सीमेंट के पतरे की छत उड़ जाने की सूचना मिलते ही दहिसर पुलिस स्टेशन के अधिकारियों ने वहां के लोगों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया। अंधेरी सबवे के पास बेस्ट की एक बस बंद पड़ जाने पर वहां तैनात ट्रैफिक पुलिस कर्मी ने कुछ स्थानीय लोगों की मदद से बस को धक्का मारकर साइड लगवाने का काम किया।

डिप्टी CM अजित पवार ने भी हालत पर रखी नजर
उप मुख्यमंत्री अजीत पवार ने पिछले तीन दिनों से चक्रवाती तूफान ‘ताउ ते’ से बने हालात की समीक्षा की है। सोमवार सुबह से वे मंत्रालय के आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ के साथ लगातार संपर्क साधे हुए थे। अजित पवार ने बताया कि तूफान के कारण कोंकण क्षेत्र में कुछ किसानों को नुकसान हुआ है और नुकसान के आकलन की औपचारिक प्रकिया शुरू की जा चुकी है।

मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे भी कर रहे हैं बैठक
मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे दोपहर 3.30 बजे से आपत्ति व्यवस्थापन प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ रिव्यू मीटिंग कर रहे हैं। इस मीटिंग के बाद ही पूरी तरह से स्पष्ट हो पाएगा कि “ताऊ ते” चक्रवाती तूफान से महाराष्ट्र को कितना नुकसान हुआ है।

खबरें और भी हैं…

[ad_2]

Source link

Live Sachcha Dost TV

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *